Sudhinama
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सावन
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Friday, July 4, 2014
सावनी ताँका
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बरस गयी सावन की फुहार अलस्सुबह, भिगो गयी बदन सुलगा गयी मन ! झाँक रहा है बादल क...
Saturday, June 28, 2014
रंग - ( तांका )
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बनी जोगन धार केसरी बाना तजा संसार मीरा विरक्त हुई हुए रंग असार ! अस्त होने को सुनहर...
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Sunday, August 14, 2011
तुम्हारी याद में माँ
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यह सावन भी बीत गया माँ , ना आम, ना अमलतास, ना गुलमोहर, ना नीम, ना बरगद, ना पीपल किसी पेड़ की डालियों पे झूले ...
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